मनोज कुमार त्रिपाठी
पोखरा। नेपाल के प्रमुख पर्यटन स्थलों को अंतरराष्ट्रीय बाजार में एकीकृत रूप से बढ़ावा देने के उद्देश्य से “चलिए पोखरा” अभियान की शुरुआत की गई है। होटल संघ पोखरा के नेतृत्व में चलाए जा रहे इस अभियान में विशेष रूप से भारत से आने वाले पर्यटकों को आकर्षित करने की रणनीति अपनाई गई है।

अभियान के तहत भारतीय पर्यटकों को पोखरा में भोजन और आवास सेवाओं पर 25 प्रतिशत तक की छूट दी जाएगी। पर्यटन व्यवसायियों का मानना है कि यह सुविधा महामारी के बाद पर्यटन उद्योग के पुनरुद्धार में अहम भूमिका निभाएगी और भारतीय बाजार में नेपाल के प्रति आकर्षण को और बढ़ाएगी।
पोखरा-लुम्बिनी-चितवन को जोड़ने पर जोर
इस अभियान को लेकर पोखरा में लुम्बिनी प्रेस क्लब के साथ आयोजित एक अंतरक्रिया कार्यक्रम में विशेषज्ञों ने पोखरा, लुम्बिनी और चितवन को जोड़कर ‘सिल्वर ट्रायंगल’ अवधारणा के तहत पर्यटन विकास को आगे बढ़ाने की आवश्यकता बताई। यह कार्यक्रम नेपाल पर्यटन बोर्ड गंडकी प्रदेश के सहयोग से आयोजित किया गया।

नेपाल पर्यटन बोर्ड गंडकी प्रदेश के प्रमुख मणिराज लामिछाने ने कहा कि पोखरा को प्रवेश द्वार के रूप में विकसित कर लुम्बिनी और चितवन से जोड़ते हुए समग्र पर्यटन पैकेज तैयार किया जा सकता है। इससे पर्यटकों के ठहराव की अवधि बढ़ेगी और पर्यटन आय में वृद्धि होगी।
भारतीय पर्यटक नेपाल पर्यटन के लिए महत्वपूर्ण
नेपाल होटल संघ के केंद्रीय सदस्य भरतराज पराजुली ने कहा कि भारतीय पर्यटक नेपाल के पर्यटन उद्योग के लिए बेहद महत्वपूर्ण हैं और लक्षित बाजार रणनीति के जरिए पर्यटकों की संख्या बढ़ाने की जरूरत है। वहीं होटल संघ पोखरा के अध्यक्ष लक्ष्मण सुवेदी ने आधारभूत संरचना, सेवा गुणवत्ता और प्रचार-प्रसार में समन्वित प्रयासों पर जोर दिया।
लुम्बिनी प्रेस क्लब के अध्यक्ष कमल रायमाझी ने कहा कि नेपाल-भारत के धार्मिक और सांस्कृतिक संबंधों को पर्यटन से जोड़कर तीनों गंतव्यों को भारतीय बाजार में संयुक्त रूप से बढ़ावा देने में मीडिया की भूमिका अहम होगी।
दो अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट से पर्यटन को मिलेगी रफ्तार
होटल संघ पोखरा के कोषाध्यक्ष नेत्रप्रसाद पौडेल ने बताया कि भारत के साथ पर्यटन साझेदारी मजबूत होने पर गौतम बुद्ध अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा और पोखरा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा के माध्यम से बड़ी संख्या में पर्यटकों को नेपाल लाया जा सकता है।

आगे अंतरराष्ट्रीय स्तर तक विस्तार की योजना
अंतरक्रिया में मौजूद लोगों ने नेपाल को बहुआयामी पर्यटन गंतव्य के रूप में स्थापित करने के लिए प्राकृतिक सुंदरता, वन्य जीवन और धार्मिक पर्यटन को एक ही यात्रा में शामिल करने की रणनीति अपनाने पर जोर दिया। साथ ही, बेलहिया नाका से पैदल आने वाले भारतीय पर्यटकों के मार्ग प्रबंधन और सुविधाओं में सुधार हेतु आपसी सहयोग की सलाह भी दी गई।
आयोजकों के अनुसार, “चलिए पोखरा” अभियान को आने वाले दिनों में अंतरराष्ट्रीय स्तर तक विस्तारित करने की योजना है। पर्यटन विशेषज्ञों का मानना है कि यह पहल नेपाल को क्षेत्रीय पर्यटन मानचित्र में और मजबूत बनाएगी।