आदेश को दिखाया ठेंगा! 10 महीने बाद भी नहीं नहीं हुई वापसी
मनोज कुमार त्रिपाठी
महराजगंज! आदर्श नगर पालिका परिषद नौतनवां कार्यालय में तैनात एक लिपिक पर जिलाधिकारी के आदेश के बावजूद कार्रवाई न होने का मामला चर्चा का विषय बना हुआ है। आरोप है कि जिलाधिकारी के स्पष्ट निर्देश और अपर जिलाधिकारी के आदेश के बाद भी संबंधित लिपिक अभी तक सोनौली नगर पंचायत कार्यालय में ही कार्य कर रहा है।
2017 से सोनौली में जमाया है डेरा
जानकारी के अनुसार, नगर पंचायत सोनौली के गठन के दौरान वर्ष 2017 में आदर्श नगर पालिका परिषद नौतनवां में तैनात लिपिक संजय कुमार श्रीवास्तव को सोनौली कार्यालय से संबद्ध किया गया था।

बताया जाता है कि तभी से वह सोनौली नगर पंचायत कार्यालय में ही कार्यरत हैं। मामले में जिलाधिकारी द्वारा 24 अक्टूबर 2025 को आदेश जारी करते हुए संबंधित लिपिक को उसके मूल निकाय नगर पालिका नौतनवां में वापस किए जाने का निर्देश दिया गया था। इसके बाद अपर जिलाधिकारी डॉ. प्रशांत कुमार द्वारा भी आदेश जारी कर लिपिक को नगर पालिका नौतनवां में वापस करने के निर्देश दिए गए। आदेश में तत्काल अनुपालन सुनिश्चित करने की बात भी कही गई थी।
डीएम और एडीएम के आदेश को दिखाया ठेंगा
इसके बावजूद करीब 10 माह बीत जाने के बाद भी आदेश का अनुपालन नहीं होने का मामला अब सवाल खड़े कर रहा है। आरोप है कि संबंधित लिपिक अभी भी सोनौली नगर पंचायत कार्यालय में बैठकर अपना कार्य निपटा रहा है।
प्रशासन की लाचारगी पर उठ रहे सवाल
जिलाधिकारी और अपर जिलाधिकारी के आदेश के बावजूद संबंधित कर्मचारी की तैनाती मूल निकाय में वापस न होने से प्रशासनिक व्यवस्था पर भी सवाल उठ रहे हैं। आखिर ऐसा क्या कारण है कि उच्चाधिकारियों के स्पष्ट आदेश के बावजूद संबंधित लिपिक को सोनौली नगर पंचायत से वापस नहीं किया जा रहा है?
मामले को लेकर जिले में तरह-तरह की चर्चाएं हैं। अब देखना यह है कि प्रशासन जिलाधिकारी के आदेश का अनुपालन कब तक सुनिश्चित कराता है और इतने लंबे समय से आदेश लंबित रहने के लिए जिम्मेदार अधिकारियों पर क्या कार्रवाई होती है।





