नौतनवां में दो मंच, दो आयोजन, गुटबाजी की गूंज तेज
कुंवर कौशल उर्फ मुन्ना सिंह के अलावा जनपद में सपा के दूसरे गुट का कोई वजूद नहीं
उमेश चन्द्र त्रिपाठी
नौतनवां महराजगंज! समाजवादी विचारधारा के पुरोधा और ‘छोटे लोहिया’ के नाम से प्रसिद्ध स्वर्गीय पंडित जनेश्वर मिश्र की जयंती पर आज नौतनवां विधानसभा क्षेत्र में समाजवादी पार्टी की अंदरूनी कलह खुलकर सामने आ गई है। एक ही अवसर पर पार्टी दो धड़ों में बंटकर अलग-अलग स्थानों पर जयंती समारोह आयोजित कर रही है, जिससे क्षेत्र में सपा की गुटबाजी चर्चा का प्रमुख विषय बन गई है।
एक ओर नौतनवां विधानसभा के पूर्व विधायक कुंवर कौशल उर्फ मुन्ना सिंह के नेतृत्व में नौतनवां स्थित पीजी कॉलेज परिसर में स्वर्गीय पंडित जनेश्वर मिश्र की जयंती भव्य रूप से मनाने की तैयारी की गई है। इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं और समर्थकों के जुटने का दावा किया जा रहा है।

वहीं दूसरी ओर समाजवादी पार्टी के नौतनवां विधानसभा अध्यक्ष विक्रम यादव के नेतृत्व में सोनौली नगर पंचायत स्थित पार्टी के कैंप कार्यालय, बैजू यादव के आवास पर अलग से जयंती समारोह आयोजित किया जा रहा है। इस कार्यक्रम में समाजवादी पार्टी के जिला अध्यक्ष समेत कई वरिष्ठ नेताओं के शामिल होने की जानकारी दी गई है।
एक ही विधानसभा क्षेत्र में एक ही नेता की जयंती पर दो अलग-अलग कार्यक्रमों के आयोजन ने पार्टी की एकजुटता पर सवाल खड़े कर दिए हैं। राजनीतिक गलियारों में यह चर्चा जोरों पर है कि संगठन के भीतर चल रही गुटबाजी अब सार्वजनिक रूप से सामने आने लगी है।
स्थानीय राजनीतिक जानकारों का कहना है कि जिस समाजवादी पार्टी ने हमेशा संगठन की मजबूती और कार्यकर्ताओं की एकता का संदेश दिया, उसी पार्टी में अब अलग-अलग शक्ति प्रदर्शन की तस्वीरें सामने आ रही हैं। इससे कार्यकर्ताओं के बीच भी असमंजस की स्थिति बनी हुई है।
हालांकि, दोनों पक्ष अपने-अपने कार्यक्रम को स्वर्गीय पंडित जनेश्वर मिश्र के विचारों को जन-जन तक पहुंचाने का प्रयास बता रहे हैं, लेकिन राजनीतिक हलकों में इसे आगामी चुनावी रणनीति और संगठनात्मक वर्चस्व की लड़ाई के रूप में देखा जा रहा है।
अब सबकी निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि क्या यह गुटबाजी केवल जयंती समारोह तक सीमित रहेगी या आने वाले दिनों में नौतनवां विधानसभा की सपा राजनीति में इसका और बड़ा असर देखने को मिलेगा।
बता दें कि पूर्व सांसद कुंवर अखिलेश सिंह समाजवादी पार्टी के संस्थापक सदस्य रह चुके हैं और राष्ट्रीय कार्य समिति के सदस्य भी रहे हैं। उनके अलावा महराजगंज जनपद में सपा का कोई वजूद नहीं रहा है और आज भी उनके अनुज पूर्व विधायक कुंवर कौशल उर्फ मुन्ना सिंह को दरकिनार कर दिया जाए तो सपा का कोई नाम लेवा नहीं है। जहां तक दो गुट की बात है तो उसमें से एक गुट के पास अपना कोई जनाधार नहीं है। यह लोग अपने मन से फूफा बनकर सपा में घूम रहे हैं पर इनको कोई फूफा कहने वाला नहीं हैं? कुंवर कौशल उर्फ मुन्ना सिंह के आगे यह लोग पइया दिखाई दे रहे हैं।