मनोज कुमार त्रिपाठी
नौतनवा। नगर पालिका नौतनवा क्षेत्र में पार्किंग के नाम पर हो रही कथित वसूली को लेकर उठे सवाल अब प्रशासन के संज्ञान तक पहुंच गए हैं। मामले को गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी (DM) और उपजिलाधिकारी (SDM) नौतनवा ने प्रकरण का संज्ञान लिया है। प्रशासनिक स्तर पर मामले को गंभीरता से लिए जाने के बाद अब संबंधित जिम्मेदारों की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं।
नगर क्षेत्र में वाहन चालकों से पार्किंग शुल्क लिए जाने को लेकर लगातार सवाल उठ रहे थे। आरोप है कि कुछ स्थानों पर पार्किंग के नाम पर वाहन चालकों से शुल्क वसूला जा रहा था। ऐसे में अब यह जांच का विषय बन गया है कि आखिर यह वसूली किस आदेश, किस अनुमति और निर्धारित शुल्क की दर के आधार पर की जा रही थी।
प्रशासनिक संज्ञान के बाद पार्किंग व्यवस्था से जुड़े कई महत्वपूर्ण बिंदु जांच के दायरे में आ सकते हैं। इनमें पार्किंग की वैधता, शुल्क निर्धारण, वसूली के लिए अधिकृत व्यक्ति या संस्था, संबंधित आदेश तथा वाहन चालकों को दी जा रही रसीद प्रमुख हैं।

DM और SDM के संज्ञान के बाद कार्रवाई की उम्मीद
मामले में प्रशासनिक स्तर पर संज्ञान लिए जाने के बाद अब जांच के परिणाम पर लोगों की नजर है। यदि जांच में वसूली नियमों के विपरीत पाई जाती है या निर्धारित प्रक्रिया का उल्लंघन सामने आता है, तो संबंधित कर्मचारियों, ठेकेदारों या अन्य जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की जा सकती है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि नगर पालिका क्षेत्र में यदि पार्किंग शुल्क की व्यवस्था लागू है तो उसे पूरी तरह पारदर्शी बनाया जाना चाहिए। वाहन चालकों को निर्धारित शुल्क की स्पष्ट जानकारी देने के साथ ही विधिवत रसीद उपलब्ध कराई जानी चाहिए, ताकि पार्किंग शुल्क के नाम पर किसी भी तरह की मनमानी की गुंजाइश न रहे।
अब सभी की निगाहें प्रशासनिक जांच पर टिकी हैं। जांच में क्या तथ्य सामने आते हैं और पार्किंग वसूली के मामले में किसकी जिम्मेदारी तय होती है, यह आने वाले दिनों में साफ होगा।


