खबर प्रकाशित होने के बाद मामले में बड़ी कार्रवाई, लखनऊ के दुबग्गा थाने में FIR संख्या 0313 दर्ज
मनोज कुमार त्रिपाठी
लखनऊ। बहू की जमीन की बाउंड्री बुलडोजर से गिराए जाने और शिकायत के बावजूद मुकदमा दर्ज नहीं होने का मामला अब एक नए मोड़ पर पहुंच गया है। इस प्रकरण में 17 अक्टूबर 2026 को लखनऊ के दुबग्गा थाने में एफआईआर दर्ज कर ली गई है। मामले में अब तक मुकदमा दर्ज नहीं होने को लेकर पीड़ित पक्ष लगातार न्याय की मांग कर रहा था। इस प्रकरण को द इंडिया एक्सप्रेस न्यूज़ ने प्रमुखता से उठाया था।
खबरों के बाद कार्रवाई, अब दर्ज हुई FIR
पीड़ित पक्ष की ओर से उठाए गए सवालों और मामले को सार्वजनिक रूप से सामने लाए जाने के बाद अब मुकदमा दर्ज होने की जानकारी सामने आई है। द इंडिया एक्सप्रेस न्यूज़ की खबरों का असर बताते हुए इस कार्रवाई को पीड़ित पक्ष के लिए न्याय की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।


इससे पहले पीड़ित परिवार ने आरोप लगाया था कि उसकी जमीन की बाउंड्री बुलडोजर से गिरा दी गई, लेकिन शिकायत के बावजूद मुकदमा दर्ज नहीं किया जा रहा था। मामले में पीड़ित पक्ष के ससुर ने भी कार्रवाई को लेकर सवाल उठाए थे। पिछली खबर के अनुसार, डीजीपी कार्यालय से 24 घंटे के भीतर कार्रवाई का आश्वासन मिलने की बात भी सामने आई थी।


दुबग्गा थाने में मुकदमा संख्या 0313 दर्ज
उपलब्ध एफआईआर दस्तावेज के मुताबिक, दुबग्गा थाना, लखनऊ पश्चिम में मुकदमा संख्या 0313/2026 दिनांक 17 अक्टूबर 2026 को दर्ज किया गया है। प्राथमिकी में भारतीय न्याय संहिता, 2023 की धारा 303(2), 324(4), 352 और 351(2) तथा अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम की धारा 3(1)(द) और 3(1)(ध) का उल्लेख है। एफआईआर में जांच की जिम्मेदारी अधिकारी शकील अहमद को सौंपे जाने की जानकारी भी दर्ज है।


अब जांच और आगे की कार्रवाई पर नजर
मुकदमा दर्ज होने के बाद अब मामले की जांच और संबंधित आरोपों पर होने वाली कानूनी कार्रवाई महत्वपूर्ण होगी। एफआईआर दर्ज होना मामले में जांच की शुरुआत है; आरोपों की पुष्टि जांच और संबंधित कानूनी प्रक्रिया के आधार पर होगी।


द इंडिया एक्सप्रेस न्यूज़ जनहित से जुड़े मामलों को प्रमुखता से सामने लाने और पीड़ित पक्ष की आवाज उठाने के लिए प्रतिबद्ध है। इस प्रकरण में अब मुकदमा दर्ज होने के बाद पीड़ित परिवार को आगे की जांच और निष्पक्ष कार्रवाई से न्याय मिलने की उम्मीद है।


